MBA Chai Wala – Prafull Billore Success Story

(MBA Chai Wala) Prafull Billore Success Story In Hindi

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MBA Chai Wala - Prafull Billore Success Story In Hindi

Success Story In Hindi – कहते है की अगर आपको लाइफ में कुछ बड़ा Archive करना है तो उसकी शुरुआत एक छोटे से स्टेप से होती है। आज की ये स्टोरी सुनकर आपको सच में यकीन हो जायेगा की अगर आपको कुछ बड़ा करना है तो जरुरी नहीं की आप कोई बड़ा स्टेप ले।

आप एक छोटे से स्टेप से शुरुआत करके भी कुछ बड़ा कर सकते है। तो आज की ये कहानी है Prafull Billore की जिन्हे हम MBA चाय वाला के नाम से भी जानते है।

अगर बात होती है की किसी ने चाय बेच-बेच कर अपनी जिंदगी बदल ली तो सिर्फ मोदी जी की बात होती है लेकिन हमारे देश में एक ऐसा भी चाय वाला है जिसने चाय बेचकर अपनी पूरी जिंदगी बदल डाली और सिर्फ 24 साल की उम्र में ही चाय बेचकर करोड़पति बन गया।

इनका पूरा नाम है Prafull Billore इनका ड्रीम था की ये MBA करेंगे इसके लिए इन्होने लगातार 3 साल तक Try किया मगर हर बार वह फेल रहे ऐसा नहीं था की ये पढ़ाई में बहुत ज्यादा कमजोर थे ये पढ़ाई में अच्छे थे और लगातार हर दिन 6 से 7 घंटे पढ़ाई भी करते थे।

फिर भी वो इतनी पढ़ाई करने के बाद भी वो लगातार 3 बार एग्जाम में फेल हो गए जिसके कारण वह बहुत ज्यादा उदाश हुए और कुछ दिनों के लिए उन्होंने अपने आप को एक कमरे में बंद कर लिया।

वह कमरे में बैठकर सोचा करते थे की अब मैं क्या करूँगा ? उसके बाद वह अलग-अलग शहरो में कुछ नया खोजना स्टार्ट किया जैसे चेन्नई, मुंबई, हैदराबाद इन सारे जगहो पर उन्होंने सफर किया और फिर सोचा की कब तक ऐसा चलता रहेगा कब तक मैं ऐसे ही भटकता रहूँगा अगर जिन्दा रहना है तो लाइफ में कुछ तो करना पड़ेगा।

फिर उन्होंने अहमदाबाद में मेक्डोनाल्ड में डिलेवरी बॉय का काम स्टार्ट कर दिया जहा उन्हें करीब एक घंटे के 37 रूपये मिला करते थे। कुछ दिनों बाद उन्हें प्रमोशन मिला और वह वेटर बन गए।

उनका कहना था की उनके किताबे पढ़ने के Comparison में ये ज्यादा अच्छा है क्योकि हर दिन उन्हें नए लोगो से नए और विचारो से नए अनुभव मिल रहा था।

जब वे मेक्डोनाल्ड में जॉब कर रहे थे तो उनके दिमाग में एक बात आयी की बहार की कम्पनिया अगर हमारे देश बर्गर बेचकर अगर इतना ज्यादा कमा रही है तो क्यों ना मैं भी अपना खुद का कोई प्रोडक्ट चुनु जो पुरे इंडिया को कनेक्ट करता हो और उसी का बिज़नेस स्टार्ट करू।

बहुत ज्यादा सोचने और समझने के बाद उनके दिमाग में सिर्फ एक ही चीज़ आयी वो थी चाय और उन्हें पेर्सनली चाय बहुत ज्यादा पसंद भी थे।

हमारे देश में बहुत सारी भाषाएँ है और बहुत सारे अलग-अलग लोग है, अलग-अलग संस्कृतिया है लेकिन एक चीज़ कॉमन है और वो है चाय। भले ही वो नॉर्थ का हो या साउथ का हो सबको चाय पीना बहुत ही ज्यादा पसंद है।

उनके दिमाग में ये आईडिया क्लिक किया और उन्होंने फैसला किया की अब वह चाय का ही बिज़नेस करेंगे।

उसके बाद वह अपना खुद का एक कैफे स्टार्ट करना चाहते थे लेकिन कैफे स्टार्ट करने के लिए उनको लगभग 15 लाख रूपये की जरुरत थी वह एक मिडिल क्लास फॅमिली से थे और उनके लिए ये चीज़ बहुत ही ज्यादा बड़ी थी और यू कहे तो इम्पॉसिबल थी।

फिर उन्होंने सोचा की जितना है और जैसा है उसी से स्टार्ट करते है और खुद से बोला “Dream Big But Start Small” और चाय का इस्टॉल लगाने का फैसला किया जिनके लिए उन्हें बर्तन, स्टाल और दूसरी जरुरत सामान चाहिए थी और सामान खरीदने के लिए उनके पास बिलकुल भी पैसे नहीं थे।

तो उन्होंने अपने पापा से झूठ बोला की उन्हें कोई कोर्स करना है जिनके लिए उन्होंने अपने पापा से 1500 रूपये मांगे और उन्ही पैसो से उन्होंने जरुरत का सामान ख़रीदा और अपने स्टाल की शुरुआत की।

जब उन्होंने अपने चाय का इस्टॉल लगाया तो उनके दोस्तों ने उनका बहुत ज्यादा मजाक बनाया उन्हें चिढ़ाया और उन्हें बहुत ही ज्यादा डिमोटिवेट भी किया पर उन्हें इस बात से कोई खाश फरक पड़ा नहीं और अपने काम को उन्होंने लगातार किया।

जब उनका पहला दिन था तो पहले दिन उनके पास कोई भी ग्राहक नहीं आया और उन्होंने एक भी कप चाय नहीं बेचा। फिर उन्हें लगा की प्रमोशन करना चाहिए तभी तो लोगो को पता चलेगा और उनके पास चाय पिने के लिए आएंगे।

तो उन्होंने अपने इस्टॉल का प्रमोशन भी किया लोगो को बताया की मैंने चाय का इस्टॉल खोली है और आप आईये मेरे यहाँ चाय पीजिये। फिर दूसरे दिन उन्होंने 5 कप चाय बेचीं जिससे उन्हें करीब 150 रूपये मिले ।

वह सुबह 9 बजे से शाम 6 बजे तक मेक्डोनाल्ड में काम किया करते थे और वापस आने के बाद शाम को 7 से 11 चाय बेचते थे। उनके चाय बेचने का तरीका दुसरो से थोड़ा अलग था।

वह अपने कस्टमर से अंग्रेजी में बात किया करते थे इसी कारण वो लोगो के नजरो में आ जाते थे और हर कोई इन्हे नोटिस भी करता था। लोग सोचते थे की यार ये लड़का कौन है जो चाय बेचता है और अंग्रेजी में बात करता है।

फिर अगले दिन दुकान खुलने से ही पहले कुछ लोग उनका इंतजार कर रहे थे लोग उनसे मिलना चाहते थे और उनकी कहानी जानना चाहते थे उस दिन करीब उन्होंने 600 रूपये कमाए, उसके अगले दिन 1200 , फिर 4000, फिर 5000 ऐसे ही करके उनकी ग्रोथ बढ़ती रही।

फिर जब वह अपने चाय की इस्टॉल से अच्छे पैसे कमा रहे थे तब उन्होंने मेक्डोनाल्ड की जॉब को छोड़ दिया और पुरे दिन चाय बेचने लगे।

फिर कुछ दिन बाद उनके पापा का फ़ोन आया उनके पापा उन्हें दिए हुए पैसो के बारे में पूछ रहे थे तब फिर उन्होंने अपने पापा से झूठ बोल दिया जो की ये अच्छी बात नहीं है अपने घर वालो से झूठ बोलना फिर भी उन्होंने अपने पापा से झूठ बोला और किसी लोकल कॉलेज में एडमिशन ले लिया।

जब वह कॉलेज में गए उन्होंने देखा की सब स्टूडेंट्स अपना टाइम वैस्ट कर रहे थे लोग फालतू की चीज़े किया करते थे उन्हें अपने फ्यूचर का भी कोई ध्यान नहीं था।

जिनके कारण उन्हें लगा की अगर मैं भी यहाँ रहा तो मेरा भी समय वैस्ट होगा इससे अच्छा मैं अपने बिज़नेस पर फोकस करता हूँ और उसे बड़ा करता हूँ और पूरा फोकस चाय के स्टाल पर लगा दिया।

सब कुछ ठीक चल रहा था लेकिन हमेशा ऐसा नहीं होता अगर आज आपका अच्छा टाइम चल रहा है तो कल आपका बुरा टाइम भी आएगा। ऐसा ही उनके साथ भी हुआ उनका बिज़नेस जब ग्रो कर रहा था तो आस पास के दुकान वाले जलने लगे और इसी कारण उनके दुकान को बंद करा दिया गया।

जिसकी कारण वह पूरी तरह से टूट गए और फिर से अपने डिसीजन पर सोचने लगे की कही मैंने गलत फैसला तो नहीं ले लिया और वह अपनी पुरानी यादो को याद किया करते थे जब वह लोगो के लिए चाय बनाया करते थे।

लेकिन जो उनके अच्छे कस्टमर थे वह उन्हें इंस्टाग्राम पर और फेसबुक पर मैसेज किया करते थे की आपने दुकान क्यों बंद कर दी और उन्हें बोला करते थे की अपना दुकान फिर से स्टार्ट कीजिये।

फिर उन्हें लगा की अच्छा रिस्पांस आ रहा है क्यों ना फिर से स्टार्ट किया जाये उसके बाद उन्होंने अहमदाबाद में जगह ढूढ़ना स्टार्ट किया जहा से उन्हें कोई ना भगा सके और उन्होंने हॉस्पिटल के सामने एक जगह किराये पर ले लिया जिसके लिए उन्हें 10000 रूपये हर महीने देना पड़ता था।

जब उन्होंने अपना नया स्टाल लगाया तब उन्होंने अपने दुकान का नाम रखा MBA चाय वाला इसका पूरा नाम था “Mister Billore Ahmedabad Chai Wala”

इन्हे अपने नाम के कारण बहुत ट्रोल झेलना पड़ा और लोगो ने इनका खूब मजाक भी बनाया लेकिन इन्होने इस बात की परवाह नहीं की और अपना काम करते रहे।

धीरे-धीरे इनकी ग्रोथ होती रही ये अपने स्टाल पर ही कुछ प्रोग्राम किया करते थे जैसे Entrepreneurship, प्राकर्तिक आपदाये या फिर कुछ सामाजिक मुद्दे जिन पर चर्चाये होती थी और लोग अपना-अपना ओपिनियन रखते थे। ये चीज़ लोगो को बहुत ज्यादा पसंद आती थी जिन कारण इनका नेटवर्किंग धीरे-धीरे बहुत बढ़ा जिनकी पॉपुलरटी भी बहुत ज्यादा बढ़ी।

धीरे-धीरे इनका बिज़नेस इतना बड़ा हो गया की आज इनका टर्नओवर करोड़ो में होता है और पुरे वर्ड में अलग-अलग देशो से इनके पास आर्डर आता है अलग अलग देशो में जाकर ये लोगो के लिए चाय बनाते है वो एक दिन का इतना चार्ज करते है जितना एक IAS ऑफिसर एक महीने में कमाता है।

इन्होने अपनी करियर की शुरुआत सिर्फ 20 साल में किया था और 4 साल में उन्होंने के जबरदस्त सक्सेस हासिल की।

यह अपने कुछ दिए गए इंटरव्यू में बताते है की उनकी ये जर्नी इतनी आसान भी नहीं थी जब वह अपनी पुरानी वाली इस्टॉल चला रहे थे तब उन्हें इसके लिए चार बार जेल भी जाना पड़ा था और लोग इन्हे बहुत ज्यादा ट्रोल भी किया करते थे की तू इतना ज्यादा पढ़ा लिखा होकर चाय बेच रहा है क्या कर रहा है तू।

और इनके घर वालो को भी बहुत ज्यादा ट्रोल किया जाता था की तुम्हारा लड़का तो चाय बेचता है क्या करेगा वह जिंदगी में लोग उनके माँ बाप को बहुत ज्यादा ताने दिया करते थे।

लेकिन आज जब उन्हें सक्सेस मिल गयी तो स्टुअशन बिलकुल पलट गयी है लोग उनके माँ-बाप की बहुत ज्यादा तारीफ करते है और Prafull Billore की भी बहुत ज्यादा तारीफ करते है की तुम सच में कुछ बड़ा अचीव कर के दिखाया।

आज Prafull Billore बड़े-बड़े कॉलेज में अपना टॉक देते है और लोगो को बताते है की आप भी कुछ कर सकते है। Prafull Billore वह एक एंजेल इन्वेस्टर भी है जो लोगो को पैसे देते है उनका बिज़नेस स्टार्ट करने के लिए।

तो ये थी MBA चाय वाला की इंट्रेस्टिंग जर्नी उम्मीद करता हूँ की आपको इनसे कुछ सिखने को मिला होगा और पसंद आया होगा।


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